आधà¥à¤¨à¤¿à¤• विशà¥à¤µ में कैंसर à¤à¤• à¤à¤¸à¥€ बीमारी है जिससे सबसे ज़à¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लोगों की मृतà¥à¤¯à¥ होती है। इसी बात को धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ में रखते हà¥à¤ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° में 4 फरवरी को विशà¥à¤µ कैंसर दिवस मनाया जाता है।
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आधà¥à¤¨à¤¿à¤• विशà¥à¤µ में कैंसर à¤à¤• à¤à¤¸à¥€ बीमारी है जिससे सबसे ज़à¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लोगों की मृतà¥à¤¯à¥ होती है। इसी बात को धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ में रखते हà¥à¤ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° में 4 फरवरी को विशà¥à¤µ कैंसर दिवस मनाया जाता है। कैंसर अधिकतर धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨ या तंबाकू चबाने से होता है। तंबाकू इतना जानलेवा है कि इसका इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करने वाले आधे से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लोग इससे होने वाली परेशानियों के चलते अपनी जिंदगी से जंग हार जाते हैं। विà¤à¤¿à¤¨à¥à¤¨ देशों की अलग-अलग सरकारों के तमाम पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸à¥‹à¤‚ के बावजूद कैंसर के मरीजों की संखà¥à¤¯à¤¾ में कोई कमी नहीं आ रही है। यही वजह है कि विशà¥à¤µ में इस बीमारी की चपेट में सबसे अधिक मरीज हैं। यही कारण है कि विशà¥à¤µ सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ संगठन ने हर साल 4 फरवरी को विशà¥à¤µ कैंसर दिवस की तरह मनाने का निरà¥à¤£à¤¯ लिया ताकि लोगों को इस à¤à¤¯à¤¾à¤¨à¤• बीमारी कैंसर से होने वाले नà¥à¤•सान के बारे में बताया जा सकें और लोगों को अधिक से अधिक जागरूक किया जा सकें।
कैंसर से होने वाली मौतों पर गौर करें तो वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ में दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° में हर साल करीब 76 लाख लोग कैंसर से दम तोड़ते हैं। इनमें 40 लाख संखà¥à¤¯à¤¾ समय से पहले (30-69 वरà¥à¤· आयॠवरà¥à¤—) मरने वालों की है। बात करें à¤à¤¾à¤°à¤¤ की तो देश में हर तीन में से à¤à¤• वà¥à¤¯à¤¸à¥à¤• धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨ करता है। à¤à¤¾à¤°à¤¤ में 275 मिलियन लोग तंबाकू का सेवन करते हैं। इनमें से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° वà¥à¤¯à¤¸à¥à¤• हैं। इस संखà¥à¤¯à¤¾ में पà¥à¤°à¥‚ष à¤à¤µà¤‚ महिला दोनों शामिल हैं। यहां हर à¤à¤• मिनट में 2 लोग तंबाकू सेवन से मरते हैं। à¤à¤• अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, हर साल साढ़े 9 लाख से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लोग धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨ जबकि दो लाख लोग तंबाकू चबाने या इसके अलग-अलग रूपों में सेवन से होने वाले कैंसर से मरते हैं। यह केवल अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ है लेकिन अनà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¤ आंकड़े à¤à¥€ दिन पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ बà¥à¤¤à¥‡ जा रहे हैं।
विशà¥à¤µ कैंसर दिवस के इतिहास के बारे में बात करें तो 1933 में अंतरà¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ कैंसर नियंतà¥à¤°à¤£ संघ ने सà¥à¤µà¤¿à¤Ÿà¥à¤œà¤°à¤²à¥ˆà¤‚ड में जिनेवा में पहली बार विशà¥à¤µ कैंसर दिवस मनाया। यह दिवस कैंसर के बारे में जागरूकता बढ़ाने, लोगों को शिकà¥à¤·à¤¿à¤¤ करने, इस रोग के खिलाफ कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ करने के लिठदà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¤° में सरकारों और वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को समà¤à¤¾à¤¨à¥‡ तथा हर साल लाखों लोगों को मरने से बचाने के लिठमनाया गया था। लेकिन इसकी सही शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ 2005 से हà¥à¤ˆ और तब से यह दिवस विशà¥à¤µ में कैंसर के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ निरंतर जागरà¥à¤•ता फैला रहा है। à¤à¤¾à¤°à¤¤ में à¤à¥€ इस दिन सà¤à¥€ सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ संगठनों दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ कैंसर जैसी घातक बीमारी के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ जागरà¥à¤•ता फैलाई जाती है। विशà¥à¤µ कैंसर दिवस पर आप सà¤à¥€ से यही अपील की जाती है कि आप खà¥à¤¦ अपने आपको और अपने सगे सबंधियों को तंबाकू, सिगरेट, शराब आदि से दूर रहने की सलाह दीजिठताकि देश के साथ विशà¥à¤µà¤à¤° कैंसर मà¥à¤•à¥à¤¤ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ की ओर अगà¥à¤°à¤¸à¤° हो सके।
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