मौसम खराब होने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में दिलà¥à¤²à¥€ à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° फà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿà¥à¤¸ को जयपà¥à¤° में डायवरà¥à¤Ÿ किया जाता है इसलिठजयपà¥à¤° à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ को दिलà¥à¤²à¥€ का वैकलà¥à¤ªà¤¿à¤• à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ बनाठजाने की कवायद जोरों पर है।
Scroll down for more.!
इन दिनों à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पर इनà¥à¤«à¥à¤°à¤¾à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¤•à¥à¤šà¤° डवलपमेंट से जà¥à¥œà¥‡ कई कारà¥à¤¯ जोरों पर हैं। à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ की बिलà¥à¤¡à¤¿à¤‚ग में मॉडिफिकेशन का कारà¥à¤¯ शà¥à¤°à¥‚ हो चà¥à¤•ा है। वहीं रनवे के समानांतर टैकà¥à¤¸à¥€ टà¥à¤°à¥ˆà¤• बनाया जा रहा है। वहीं अब विमानों को अधिक संखà¥à¤¯à¤¾ में पारà¥à¤• किया जा सके, इसके लिठनठपारà¥à¤•िंग-वे बनाने का काम शà¥à¤°à¥‚ किया जा रहा है।
जयपà¥à¤° à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ को दिलà¥à¤²à¥€ का वैकलà¥à¤ªà¤¿à¤• à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ बनाठजाने की कवायद जोरों पर है। इसलिठà¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पर इनà¥à¤«à¥à¤°à¤¾à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¤•à¥à¤šà¤° से जà¥à¥œà¥‡ काम तेजी से पूरे किठजा रहे हैं। दिलà¥à¤²à¥€ à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पर à¤à¤¯à¤° टà¥à¤°à¥ˆà¤«à¤¿à¤• अतà¥à¤¯à¤§à¤¿à¤• होता है। मौसम खराब होने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में सबसे नजदीकी à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ जयपà¥à¤° ही है। इसलिठजà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° फà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿà¥à¤¸ को जयपà¥à¤° में डायवरà¥à¤Ÿ किया जाता है, लेकिन कई बार यहां बà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤¦à¥€ सà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤à¤‚ नहीं होने से विमानों को अहमदाबाद या अमृतसर à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ के लिठडायवरà¥à¤Ÿ किया जाता है। इससे डायवरà¥à¤Ÿ किठजाने वाले विमानों का फà¥à¤¯à¥‚ल अधिक खरà¥à¤š होता है और समय à¤à¥€ अधिक लगता है।
दरअसल अà¤à¥€ तक जयपà¥à¤° à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पर ई-à¤à¤¯à¤°à¤•à¥à¤°à¤¾à¤«à¥à¤Ÿ कैटेगरी के पारà¥à¤•िंग-वे की संखà¥à¤¯à¤¾ बहà¥à¤¤ कम है। फिलहाल à¤à¤• साथ à¤à¤¸à¥‡ तीन à¤à¤¯à¤°à¤•à¥à¤°à¤¾à¤«à¥à¤Ÿ को ही हैंडल किया जा सकता है। इस समसà¥à¤¯à¤¾ को दूर करने के लिठअब ई-à¤à¤¯à¤°à¤•à¥à¤°à¤¾à¤«à¥à¤Ÿ कैटेगरी के सात नठपारà¥à¤•िंग-वे बनाठजाà¤à¤‚गे। इसके अलावा सामानà¥à¤¯ जेट विमानों के लिठà¤à¥€ 19 नठपारà¥à¤•िंग-वे बनाठजाने का काम शà¥à¤°à¥‚ हो रहा है।
जयपà¥à¤° à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ ने 26 नठपारà¥à¤•िंग-वे बनाने के लिठà¤à¤• निजी कंपनी को कारà¥à¤¯ आदेश जारी कर दिया है और अगले à¤à¤• साल में इन सà¤à¥€ पारà¥à¤•िंग-वे का काम पूरा करने का लकà¥à¤·à¥à¤¯ रखा गया है।
à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पर नठपारà¥à¤•िंग-वे बनाने की जरूरत इसलिठà¤à¥€ है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि 3 साल पहले जब जयपà¥à¤° à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पर 25 फà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿ संचालित हो रही थीं तब यहां पर 24 पारà¥à¤•िंग-वे थे। इसके बाद रनवे विसà¥à¤¤à¤¾à¤° की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ में आने से 5 पारà¥à¤•िंग-वे खतà¥à¤® हो गà¤à¥¤ अब जबकि वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ में जयपà¥à¤° à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ से 69 फà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿ संचालित हो रही हैं तब मातà¥à¤° 19 पारà¥à¤•िंग-वे ही बचे हैं। कई बार à¤à¤• साथ 7 से 8 विमान पारà¥à¤•िंग-वे में खड़े होते हैं। à¤à¤¸à¥‡ में दिलà¥à¤²à¥€ से डायवरà¥à¤Ÿ होने वाले विमानों के लिठपारà¥à¤•िंग-वे ही नहीं बचते हैं और विमानों को अहमदाबाद या अमृतसर डायवरà¥à¤Ÿ किया जाता है। इसलिठजरूरत इस बात की है कि इन पारà¥à¤•िंग-वे का निरà¥à¤®à¤¾à¤£ जलà¥à¤¦ से जलà¥à¤¦ पूरा किया जाà¤à¥¤ वहीं बड़े विमानों के लिठसात पारà¥à¤•िंग-वे बनने पर जयपà¥à¤° से इंटरनेशनल फà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿà¥à¤¸ का मूवमेंट बढ़ाने में आसानी रहेगी और दिलà¥à¤²à¥€ से डायवरà¥à¤Ÿ होने वाले विमानों को अहमदाबाद à¤à¥‡à¤œà¤¨à¥‡ की जरूरत à¤à¥€ नहीं रहेगी।
सà¥à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤¤: à¤à¤¾à¤¸à¥à¤•र
Tags
See Also
News

सुर्खियां
