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अहमदाबाद के बाद उदयपà¥à¤° में उड़ान à¤à¤° सकते है समà¥à¤¦à¥à¤°à¥€ जहाज
केंदà¥à¤° सरकार की योजना के तहत देशà¤à¤° में 100 सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ के साथ सेवा शà¥à¤°à¥‚ की जाà¤à¤—ी। लेकसिटी उदयपà¥à¤° की à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚ में सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ उतारने और उड़ान à¤à¤°à¤¨à¥‡ की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ पà¥à¤°à¤¬à¤² है।
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अहमदाबाद में साबरमती नदी में पिछले दिनों सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ (समà¥à¤¦à¥à¤°à¥€ जहाज) उतरने और उड़ान à¤à¤°à¤¨à¥‡ के बाद à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ में लेकसिटी उदयपà¥à¤° की à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚ में à¤à¥€ सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ उतारने और उड़ान à¤à¤°à¤¨à¥‡ की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ पà¥à¤°à¤¬à¤² हà¥à¤ˆ है। अगर à¤à¤¸à¤¾ होता है तो लेकसिटी का जà¥à¥œà¤¾à¤µ महानगरों से तो होगा ही, परà¥à¤¯à¤Ÿà¤¨ के अधà¥à¤¯à¤¾à¤¯ में à¤à¤• बड़ी उपलबà¥à¤§à¤¿ à¤à¥€ जà¥à¥œ जाà¤à¤—ी। सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ लोगों के लिठखास आकरà¥à¤·à¤£ à¤à¥€ होगा। à¤à¤• दिन पहले ही केंदà¥à¤°à¥€à¤¯ सड़क परिवहन और पोत परिवहन मंतà¥à¤°à¥€ नितिन गडकरी ने कहा है कि जहां तक संà¤à¤µ होगा देश के कà¥à¤› हिसà¥à¤¸à¥‹à¤‚ में इससे परिवहन हो सकेगा। इससे देश के परिवहन कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में कà¥à¤°à¤¾à¤‚ति आà¤à¤—ी।
मंतà¥à¤°à¥€ ने कहा कि यह à¤à¤• फà¥à¤Ÿ गहराई वाले पानी में à¤à¥€ उतर सकता है। यह ससà¥à¤¤à¤¾ à¤à¥€ है। इस तरह के परिवहन के तरीके का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² देश में कहीं à¤à¥€ किया जा सकता है, जिससे à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚ की नगरी में à¤à¤¸à¥‡ पà¥à¤²à¥‡à¤¨ के इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ बà¥à¥€ है।
उदयपà¥à¤° में इन à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚-तालाबों पर बनाया जा सकता है रनवे
- उदयपà¥à¤° में फतहसागर, पीछोला, उदयसागर, बड़ी तालाब, जयसमंद à¤à¥€à¤² के साथ राजसमंद à¤à¥€à¤² जिले के कई à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚-तालाबों में सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ उतारने या उड़ान à¤à¤°à¤¨à¥‡ के लिठपरà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ पानी सतह है।
- खास बात यह है कि ये सà¤à¥€ जगह पहले से ही टूरिसà¥à¤Ÿ पà¥à¤µà¤¾à¤‡à¤‚ट हैं जहां हर दिन हजारों परà¥à¤¯à¤Ÿà¤• उमड़ते हैं।
सरकार की ये है योजना
- केंदà¥à¤° सरकार की योजना है कि देश में जलà¥à¤¦ से जलà¥à¤¦ कम से कम 100 सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ से सेवा शà¥à¤°à¥‚ की जाà¤à¥¤ इसमें नदियों का हवाई पटà¥à¤Ÿà¥€ के तौर पर इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² होगा।
- सरकार सी पà¥à¤²à¥‡à¤¨ की उड़ान के लिठनियमों को तीन माह के अंदर पूरा करने पर विचार कर रही है। फिलहाल देश में सी पà¥à¤²à¥‡à¤¨ के लिठकोई नियम नहीं हैं।
à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• राजसमंद à¤à¥€à¤² में पहले à¤à¥€ उतरते थे सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨
- उदयपà¥à¤° संà¤à¤¾à¤— के राजसमंद जिले में सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• राजसमंद à¤à¥€à¤² में बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¤¿à¤¶ काल में सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ उतरा करते थे। उस समय à¤à¥€à¤² में सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ उतारने के लिठवहां à¤à¤• बड़ा बंदरगाह à¤à¥€ बनाया गया था। पà¥à¤²à¥‡à¤¨ को रोकने के लिठà¤à¥€à¤² में लंगर डाले जाते थे।
- लंबे समय तक बारिश नहीं होने से जब राजसमंद à¤à¥€à¤² सूख गई थी तब ये लंगर और लोहे की à¤à¤¾à¤°à¥€ à¤à¤°à¤•म जंजीरें लोगों को नजर आठथे। आज à¤à¥€ ये लंगर à¤à¥€à¤² पेटे में मौजूद है।
- जानकारों के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¤¿à¤¶ काल में डाक लाने- ले जाने के लिठसी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ उतारने के लिठराजसमंद à¤à¥€à¤² का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² होता था।
ये है सी-पà¥à¤²à¥‡à¤¨ की खासियत
- 300 मीटर की लंबाई वाले जलाशय का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² हवाईपटà¥à¤Ÿà¥€ के रूप में संà¤à¤µà¥¤
- महज 300 मीटर के रनवे से उड़ान à¤à¤° सकता है ये पà¥à¤²à¥‡à¤¨à¥¤
- पानी और जमीन पर लैंड कराया जा सकता है।
- सी पà¥à¤²à¥‡à¤¨ पà¥à¤²à¥‡à¤¨ जमीन-पानी दोनों से उड़ान à¤à¤° सकता है।
रवींदà¥à¤° शà¥à¤°à¥€à¤®à¤¾à¤²à¥€, यूआईटी चेयरमैन ने बताया, "उदयपà¥à¤° वैसे à¤à¥€ à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚ की नगरी के नाम से विखà¥à¤¯à¤¾à¤¤ है। पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में सबसे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¥€à¤²à¥‡à¤‚ हमारे यहां है और उनमें साल à¤à¤° पानी की उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ à¤à¥€ रहती है। à¤à¤¸à¥‡ में हमारी à¤à¥€à¤²à¥‹à¤‚ में छोटे जहाज उतरते हैं तो नया आकरà¥à¤·à¤£ होगा। इससे परà¥à¤¯à¤Ÿà¤¨ को और बढ़ावा मिल सकेगा। यह सà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾ शà¥à¤°à¥‚ होने से विदेशी परà¥à¤¯à¤Ÿà¤•ों की संखà¥à¤¯à¤¾ à¤à¥€ बढ़ेगी।"
सà¥à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤¤: à¤à¤¾à¤¸à¥à¤•र
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